“हमारी बातें ही बातें हैं सय्यद काम करता था”

बुज़ुर्गों के नाम पर सिम्पोज़ियम, सेमिनार करने, जश्न मनाने और डिनर करने से क़ौमों की तक़दीर…

शिक्षकों की ख़बरगीरी क़ौमी फ़रीज़ा और वक़्त की ज़रुरत

इमामों और उलेमा के मुद्दों को हल करने के लिए जल्द ही वक्फ बोर्ड के साथ…

क्या इतिहास के पन्नों में लिखा जाएगा ?बिहार विधानसभा चुनाव 2020

एक तरफ देश की दो महा ताकत हैं, दूसरी तरफ तीन युवक ! बिहार विधानसभा चुनाव…

हज के लिए जाने वालों पर लगेगा टैक्स

1992 में बाबरी मस्जिद शहीद किये जाने के 1 साल के बाद नरसिम्हा राव के दौर…

कृषि संबंधी कानून से किसानों को आगे बढने के अवसर मिलेंगे:PM

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज कहा कि संसद द्वारा हाल में पारित कृषि संबंधी ऐतिहासिक कानून…

कांग्रेस को आज जरूरत है अजय कुमार जैसे प्रदेश अध्यक्ष की ?

कांग्रेस के संकट काल में, जो कांग्रेस को संकट से उभार कर उसके पुराने दौर में…

बापू! क्या तुम्हें अपने देस का हाल मालूम है?

बापू! तुम हर साल अपने जन्म दिन पर बहुत याद आते हो। मगर केवल एक दिन…

बिहार चुनाव 2020: तीन दशक बाद, 3 राजनीतिक स्तंभ नहीं दिखाई देंगे !

इसे विधि का विधान कहें या राजनीतिक त्रासदी या फिर बिहार राजनीति का दुर्भाग्य ! 3…

दिल्ली दंगा – अपराधियों को बचाने और पीड़ितों को फँसाने का मुकम्मल प्रयास

Press Release Rihai Manch न्याय से सम्बंधित मामलों की एक सुप्रसिद्ध निजी संस्था की दिल्ली दंगों…

सिर्फ़ दो शब्द कहने चाहिए, ‘दफ़ा हो जाओ.’

उसका नेशनल डे मानाने पर इसकी की क्यों …..रही है ताइवान का ‘नेशनल डे’ मनाने पर…