मीरजापुर, 19 अगस्त । सीखड़ क्षेत्र के विठ्ठलपुर स्थित प्राचीन हनुमान मंदिर परिसर में चल रही नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा का बुधवार को भव्य समापन हुआ। वृंदावन के वद्रिका आश्रम से पधारे कथा वाचक पं. विश्वकान्ताचार्य जी महाराज ने रामचरितमानस के प्रसंगों का संगीतमय वर्णन कर श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। कथा के दौरान भक्त जयकारे लगाते हुए झूमने और नृत्य करने लगे।
कथा वाचक ने मंगलाचरण और मानस महात्म्य से कथा का शुभारंभ करते हुए भगवान शिव विवाह, श्रीराम जन्म, धनुष यज्ञ, राम-सीता विवाह, वनगमन, भरत चरित्र और माता शबरी के आश्रम में भगवान राम को नवधा भक्ति के उपदेश सहित विभिन्न प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया। इसके साथ ही राम-सुग्रीव मित्रता, हनुमान जी द्वारा लंका दहन, भगवान राम द्वारा रामेश्वरम में सेतु निर्माण, रावण वध, विभीषण का राज्याभिषेक और अयोध्या लौटने पर गुरु वशिष्ठ द्वारा भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक का प्रसंग सुनाया गया।
कथा के समापन पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। इसके बाद आयोजित अखंड श्रीहरि राम नाम संकीर्तन का भी समापन हुआ। आचार्य आशू मिश्रा ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन-पूजन कराया। पूजन के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया। वाद्य यंत्रों पर पं. अवनीश मिश्रा, रामानंद पांडेय और मुन्ना मिश्रा ने संगत की।
कार्यक्रम में विधायक अनुराग सिंह पटेल ने कथा वाचक महाराज का माल्यार्पण कर स्वागत किया। इस अवसर पर पुजारी कपिल देव पांडेय, लाल पांडेय, पं. चंद्रमौली व्यास, पूर्व मंडल अध्यक्ष प्रमोद पांडेय, गुड्डू शुक्ला, डॉ. ऋषभ कुमार मिश्रा, अनिल कुमार शुक्ला, जेई विकास दुबे, अभिषेक आनंद, मंडल उपाध्यक्ष शिव प्रसाद द्विवेदी, विजय नारायण सिंह, दिनेश मिश्रा, नीरज कुमार पांडेय, यजमान प्रत्युष त्रिपाठी, सूरज मौर्य, कमलेश सिंह, रामबालक त्रिपाठी, प्रदीप चौबे, धनंजय मिश्रा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।