[t4b-ticker]
Home » Editorial & Articles » दोस्ती जब किसी से की जाये…….

दोस्ती जब किसी से की जाये…….

Spread the love

Special on friendship Day

अख्तर खान अकेला कोटा राजस्थान

दोस्तों यह रिश्ते मज़बूत होते है ,एक दिन ,,एक साल ,समयसीमा में नहीं बांधे जा सकते

दोस्तों कल छुट्टी के दिन इतवार को ,दोस्तों का दिन पुरे देश ,पुरे विश्व सभी ने एक दूसरे के साथ मिलकर बनाया ,,लेकिन विश्व में व्यस्त लोगो द्वारा दोस्ती के लिए बनाया गया यह दिन ,साल में एक बार आकर खत्म हो गया है .

 

मेरी विचारधारा अलग है ,दोस्ती ,को ,रिश्तो को एक दिन में एक साल में बाँधा नहीं जा सकता यह ,यह रिश्ते तो लम्हा लम्हा ,,जिए जाते ,,है ,धड़कनो में रखे जाते है ,साँसों में यह रिश्ते होते है ,,अहसास में यह रिश्ते होते है ,,टेलीपेथी क्या है ,,ख्वाब क्या है ,थोड़ा भी कुछ अपनों के साथ अव्यवस्थित हो ,दिल तड़प उठता है ,दिल घबराने लगता है ,,,

 

दोस्तों यह रिश्ते मज़बूत होते है ,एक दिन ,,एक साल ,समयसीमा में नहीं बांधे जा सकते ,ऐसे में ,में मित्रता दिवस ,के बाद भी आप लोगो के साथ हूँ ,आप लोगो का अहसास मेरे साथ है हर लम्हा ,हर पल ,हर क्षण ,

 

आप ,आपकी यादे ,,आपकी ज़रूरतें ,आपकी मदद का जज़्बा ,,मेरे साथ रहेगा ,हम लोग रोज़ एक दूसरे के साथ ,हँसे ,,बोले ,एक दूसरे के काम आएं ,मज़हब की दीवारे तोड़ कर एक दूसरे के अटूट रिश्ते ,,अटूट दोस्त बन जाए

 

यह जो कुछ दुश्मन नफरत फैलाने वाले है ,यह जो कुर्सी के लिए ,,शासन के लिए ,,मुस्लिम वाद ,,हिन्दुवाद ,कुछ भी भड़का कर जो नफरत फैला रहे है .उनसे पूंछो तुम हिन्दू हो तो क्या हिन्दू धर्म पर चल रहे ,,उनसे पूंछो तुम मुसलमान हो तो क्या मुस्लिम धर्म पर चल रहे ,हो ,,

 

जब खुदा ने दोस्ती की व्यवस्था दी है तो फिर यह नफरत क्यों ,,शैतान सभी जगह है ,,हैवान सभी जगह है ,लालची ,बेईमान सभी जगह है ,यह जो शासन के लिए एक दूसरे को लड़ा रहे है,उनसे पूंछो गांय हमारी माँ है ,तो हमारी ओरिजनल माँ को वृद्धाश्रम में हम क्यों छोड़ कर आये .

 

क्यों गांय अगर माँ है तो उसे पालने की जगह हम कुत्तों को लिए लिए घूमते है ,,गांय हमारी अगर माँ है ,तो क्यों उनका दूध निकालकर उन्हें हम सड़को पर भूखी ,,प्यासी छोड़ देते है ,दोस्तों उनसे पूँछिये गांय जब तक दूध देती है तब तक तो माँ है ,फिर उसे जंगल में मरने के लिए छोड़ना ,कसाइयों ,खटिकों ,,बीफव्यापारियों को क्यों बेच देते हो

 

,,दोस्तों ऐसे फ़र्ज़ी गो रक्षकों से पूँछिये ,अगर आप ओरिजनल गो रक्षक हो ,गांय के भक्षकों के साथ मोब्लिचिंग करने की ज़िद पर अड़े हो ,तो सरकार में बैठे वोह लोग जो ,गांय का क़त्ल करवाकर ,,बीफ का व्यापार इस देश में करवा रहे है ,लाइसेंस दे रहे है ,

 

देश के प्रधानमंत्री ,,,मंत्री ,राष्ट्रपति बने बैठे है ,क्या ऐसे गौ रक्षकों ने इन लोगो को गांय का मांस व्यापार की छूट दी है , आज तक एक भी गौ रक्षक ने इनका घेराव कर इनकी कॉलर पकड़ कर क्यों गांय का क़त्ल रोक कर ,देश से बेहिसाब बीफ का व्यापार करने से रोकने के लिए नहीं कहा ,यह सुनारी लड़ाई ,यह नफरत की लड़ाई ,,

 

देश के मित्रों को ,दोस्तों को जानना होगा ,पहचानना होगा ,कल्लू मिया को तुम ज़िंदा दुधारूं गांय पालने के लिए ले जाता देख ,,मोब्लिचिंग कर मार डालते हो ,लेकिन अगर आपकी समर्थक पार्टी का मुख्यमंत्री डंके की चोट पर कहे ,हाँ में गौ मांस खाता हूँ फिर भी तुम उसे वोट देते हो उसके चरण छोटे हो ,उसे बनाये रखें वाले प्रधानमंत्री ,,अध्यक्ष को ताक़त देते हो ,तुम्हारी पार्टी के ,सांसद ,,विधायक ,,खुद असम ,त्रिपुरा ,,मेघालय ,,महाराष्ट्र ,गोवा के खासकर मुख्यमंत्री बीफ व्यापार बंद करवाने से इंकार करे ,उनके राज्यों में बीफ कम पढ़ने पर दूसरी जगह से बीफ आयात कर विदेशी सैलानियों की बात करे जब यह दुरंगे गो रक्षक लोग कहाँ जाते है ,

 

हमारे राजस्थान में गौ संरक्षण के नाम पर अब तक आठ अरब रूपये से भी अधिक का गौ रक्षा टेक्स सरकार ने एकत्रित किया है ,वोह अरबों रुपया कहाँ ,है ,क्यों सड़कों पर गांय मर रही है ,बेचीं जा रही है ,इसका जवाब लेने कोई भी गौ रक्षक सत्ता पक्ष के पास क्यों नहीं जाता है .

 

बात साफ़ है दोस्तों इन्हे गौ रक्षा से मतलब नहीं ,सिर्फ ,हिंसा ,सिर्फ भावनाये भड़काकर ,दो समाजों में दूरी बढ़ाकर ,,इन मुद्दों पर सियासत ,करना भोले भाले लोगो को भड़का कर ,,देश में एक पार्टी के पक्ष में वोट देने की अपील कर सिर्फ कुर्सियां हथियाना इनका काम ,इनका कारोबार है ,

 

दोस्तों ,,सम्भलो ,ज़रा सोचो गांय को माँ कहने वाले लोग ,गांय को राष्ट्रमाता का दर्जा देकर ,,गांय को अभी तक राष्ट्रिय पशु क्यों घोषित नहीं कर पाए ,,दोस्तों ज़रा सोचो ,गौ रक्षक आज तक प्रधानमंत्री ,,राष्ट्रपति सहित इनके सांसद ,इनके मुख्यमंत्री तक क्यों नहीं पहुंचे ,,

 

क्यों इनके मुख्यमंत्री ,सांसद द्वारा खुले आम गांय का मांस कहने की स्वीकारोक्ति के बाद आपकी पार्टी में है ,उनको आप वोट देते हो दिलवाते हो और इस मुद्दे पर निहत्थे दूसरे लोगो की हत्त्याए करते हो ऐसा क्यों ,ज़रा सोचो मित्रों ,यह लोग लव जिहाद के नाम नफरत भड़काते है

 

,,तो फिर यही लोग मुख़्तार अब्बास नक़वी ,शाहनवाज़ हुसैन सहित कई लोगो को इनकी पार्टी में ऐसे अपराधी होने पर मंत्री क्यों बनाते है ,दोस्तों यह दुरंगे लोग ,यह दुरंगे विचार के लोग सिर्फ नफरत भड़काकर कुर्सी हथियाना चाहते है ,कुर्सी हथिया ली ,तो आम जनता के लिए कुछ कल्याणकारी नहीं कर पाए.

 

इसलिए अपनी नाकामियां छुपाने के लिए तुम्हारे हमारे लोगो में नफरत भड़का कर ,हमारी दोस्ती तुड़वाना चाहते है ,सो प्लीज़ इनकी सियासी नफरत बाज़ी में न आओ ,,देश हमारा है ,मोहब्बत इस देश का पैगाम है .

 

इसीलिए कहता हूँ ,सारे ,जहाँ से अच्छा हिंदुस्तान हमारा है ,हम बुलबले है इसके ,यह गुलिस्तां हमारा है ,,दोस्तों इन नफरत बाज़ों को अपनी अटूट दोस्ती से नाकामयाब कर इस देश से हमे दोस्ती निभाना है ,क्या आप मेरे साथ आ सकोगे .

या फिर भड़काऊ लोग ,,जो तन्खैये बनकर सिर्फ झूंठ बेच रहे है नफरत बेच रहे है वोह अख़बारों में भी है ,न्यूज़ चैनलों में ,सोशल मीडिया में भी है ,तो लव जिहाद ,,गौ रक्षको के भेस में भी है ,जिन्हे देश से ,देश के लोगो से कोई मतलब नहीं ,,सिर्फ इन्हे कुर्सी चाहिए .

 

इनकी पार्टी के लोगो को सत्ता में बने रहना इनका संकल्प है ,इसके लिए यह चाहे जो हो वोह करेंगे ,सो प्लीज़ ऐसे लोगो से सावधान ,,,,,,,अख्तर खान अकेला कोटा राजस्थान

Please follow and like us:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

Scroll To Top
error

Enjoy our portal? Please spread the word :)