चम्पावत, 12 अगस्त । जनपद में विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं को दूर करने तथा वन भूमि हस्तांतरण से जुड़े लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के उद्देश्य से बुधवार को जिलाधिकारी मनीष कुमार की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के लंबित प्रस्तावों की प्रगति का परीक्षण करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
बैठक में लोक निर्माण विभाग चम्पावत एवं लोहाघाट, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई), जल संस्थान, ग्रामीण निर्माण विभाग तथा पेयजल निगम से संबंधित वन भूमि हस्तांतरण प्रस्तावों की विभागवार समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने नोडल एवं उच्च स्तर पर लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने तथा आवश्यक औपचारिकताएं शीघ्र पूरी करने को कहा।
उन्होंने कहा कि सड़क, पेयजल और अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं के समय पर क्रियान्वयन के लिए वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया का समयबद्ध निस्तारण आवश्यक है। किसी भी विकास परियोजना को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखा जाना चाहिए, जिससे आमजन को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।
बैठक में सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की सीमा चौकी के विस्तार के लिए प्रस्तावित भूमि हस्तांतरण प्रकरण पर भी चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने हल्द्वानी वन प्रभाग को आवश्यक अग्रिम कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा प्रस्तावित ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्टिंग ट्रैक के लिए भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया में तेजी लाने हेतु एआरटीओ को आवश्यक कार्रवाई शीघ्र पूर्ण करने को कहा गया।
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आगामी समीक्षा बैठक से पूर्व अपने-अपने स्तर पर लंबित प्रकरणों के निस्तारण की दिशा में ठोस प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनहित और जनपद के संतुलित विकास से जुड़े मामलों में विभागीय समन्वय तथा समयबद्ध कार्यवाही अत्यंत महत्वपूर्ण है।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जीएस खाती, प्रभागीय वनाधिकारी ढिनो पुरुषोत्तमन, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल, उप प्रभागीय वनाधिकारी सुनील कुमार, अधिशासी अभियंता हितेश कांडपाल, मोहन चंद्र पलड़िया तथा नगर पालिका चम्पावत के अधिशासी अधिकारी भरत त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।