नई दिल्ली, 07 सितंबर । जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान एक प्रदर्शनकारी के पिता पर हमला कर घायल करने के आरोपित स्वतंत्र भारद्वाज ने दिल्ली उच्च न्यायालय (हाई कोर्ट) में अपनी गिरफ्तारी को चुनौती देते हुए बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की है। हाई कोर्ट आज ही इस याचिका पर सुनवाई करेगा।
स्वतंत्र भारद्वाज की ओर से पेश वकील ने आज चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच के समक्ष मेंशन करते हुए कहा कि स्वतंत्र भारद्वाज तीन दिनों से हिरासत में है। यह गैरकानूनी है। उन्होंने इस याचिका पर आज ही सुनवाई करने की मांग की, जिसके बाद कोर्ट ने आज ही सुनवाई करने का आदेश दिया।
स्वतंत्र भारद्वाज को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से 4 सितंबर को गिरफ्तार किया गया था। स्वतंत्र की गिरफ्तारी तब हुई जब उसने एक पॉडकास्ट में इस बात को स्वीकार किया कि उसने एक प्रदर्शनकारी छात्रा के पिता के सिर पर हमला किया। इस पॉडकास्ट के बाद कॉकरोच जनता पार्टी और कुछ राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं ने संसद मार्ग थाने पर प्रदर्शन किया था।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि जब स्वतंत्र भारद्वाज ने खुद ही पॉडकास्ट पर आरोप कबूल किया है तो उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज होनी चाहिए। इसके बाद स्वतंत्र भारद्वाज गिरफ्तार किया गया। उसके खिलाफ पॉक्सो कानून और एससी-एसटी एक्ट की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज किया गया है।