प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 100वीं किसान रेल को रवाना किया

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज महाराष्‍ट्र के संगोला से पश्चिम बंगाल के शालीमार तक जाने वाली 100वीं किसान रेल को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्‍यम से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि किसान रेल सेवा किसानों की आमदनी बढ़ाने का एक प्रयास है। इससे खेती से जुड़ी अर्थव्‍यवस्‍था में बड़ा बदलाव आएगा। उन्‍होंने कहा कि यह सेवा देश में शीतभंडारण आपूर्ति व्‍यवस्‍था को और मजबूत बनाएगी। श्री मोदी ने कहा कि यह किसानों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दिखाती है। यह इस बात का प्रमाण है कि देश का किसान कितनी तेजी के साथ नए अवसरों का लाभ उठाने की ओर बढ़ रहा है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि किसान रेल और कृषि उड़ान सेवा किसानों को अन्‍य राज्‍यों में अपनी उपज बेचने में बड़ी मदद करेगी। उन्‍होंने कहा कि भारतीय कृषि में नई प्रौद्योगिकी तेजी से शामिल हो रही है। कृषि उत्‍पादों के मूल्‍य संवर्द्धन के लिए भंडारण और प्रसंस्‍करण उद्योग से जुड़ी आधारभूत सुविधाओं को सरकार प्राथमिकता दे रही है। उन्‍होंने कहा कि प्रधानमंत्री कृषि संपदा योजना के तहत मेगा फूड पार्क, शीतभंडारण सुविधाएं और कृषि प्रसंस्‍करण केंद्र बनाने के लिए 6,500 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। उन्‍होंने कहा कि आत्‍मनिर्भर अभियान पैकेज के तहत सूक्ष्‍म खाद्य प्रसंस्‍करण उद्योगों के लिए दस हजार करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि किसान रेल जैसी सुविधा ने पश्चिम बंगाल के छोटे किसानों की बडी मदद की है। यह केवल किसानों के लिए ही नहीं बल्कि छोटे कारोबारियों के लिए भी है। उन्‍होंने कहा कि जल्‍द खराब होने वाले कृषि उत्‍पादों के भंडारण की सुविधा किसानों को रेलवे स्‍टेशनों पर उपलब्‍ध कराई गई है। उन्‍होंने कहा कि ये सभी प्रयास इसलिए किए जा रहे हैं ता‍कि ज्‍यादा से ज्‍यादा फल और सब्जियां घरों तक पहुंच सके। उन्‍होंने कहा कि जूस, अचार, सॉस और चिप्‍स बनाने का काम करने वाले उद्यमियों तक अधिक से अधिक कच्‍चा माल पहुंचाने की व्‍यवस्‍था होनी चाहिए।

प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकारी प्रयासों की सफलता ग्रामीण लोगों, किसानों और युवाओं की मदद से ही संभव है। उन्‍होंने कहा कि किसान संगठनों, स्‍व सहायता समूहों और सहकारी संगठनों तथा कृषि आधारभूत संरचना को बढावा देने का प्रयास किया जा रहा है। उन्‍होंने कहा कि हाल में किए गए सुधार कृषि व्‍यवसाय के विस्‍तार में मदद करेंगे जिनसे कृषि समूहों को सबसे ज्‍यादा फायदा होगा। उन्‍होंने कहा कि कृषि क्षेत्र में निजी निवेश से इन समूहों को मदद देने के सरकारी प्रयासों को मजबूती मिलेगी।

प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार पूरे समर्पण के साथ भारतीय कृषि और किसानों के सशक्‍तीकरण के लिए अपने प्रयास जारी रखेगी।

रेल मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारतीय रेल प्रधानमंत्री के वन इंडिया वन मार्केट के संकल्‍प को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्‍होंने कहा कि देश का किसान आत्‍मनिर्भर बनेगा तो गांव भी आत्‍मनिर्भर बनेंगे जिससे पूरा देश आत्‍मनिर्भर हो सकेगा।

श्री गोयल ने कहा कि अब तक 99 किसान रेलगाड़ी 14 राज्‍यों में जा चुकी है। निकट भविष्‍य में रेल मंत्रालय की समूचे देश में किसान रेल सेवा शुरू करने की योजना है। उन्‍होंने कहा कि कोविड महामारी के समय 25 मार्च से भारतीय रेल ने करीब पांच करोड़ दस लाख टन अनाज की ढुलाई की, जो कि पिछले वर्ष की तुलना में अस्‍सी प्रतिशत अधिक है।

कृषि मंत्री नरेन्‍द्र सिंह तोमर ने कहा कि प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्‍व में किसानों के सपनों को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्‍होंने कहा कि किसान रेल से किसानों को बहुत फायदा हुआ है।

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