अली खामनेई से शायद कुछ सीख मिले बाज़ीगर को!!

-डॉ जया शुक्ला के विचार

अली खामनेई ईरानी सदर (सुप्रीम लीडर) 86 साल का है ! ना तो उसकी रगों में गर्म सिंदूर बह रहा, नाही महामानव है, नाही नान बायोलॉजिकल है, नाही विश्वगुरुहै, ना शेर है, नाही वह धर्मसम्राट है !

ना उसने राष्ट्र भक्ति के नाम पर रोडशो किए, ना उसने झंडा यात्राएं निकाली। छाती भी शायद 40 ही हो !और न ही वो यशस्वी प्रधानमंत्री है .

लेकिन इजरायल पर तगड़ा पलटवार करके, अमेरिका को सीधा जवाब दे रहा है बेइज्जत कर दिया है !साथ ही फ्रांस और इंग्लैंड को धमका रहा है अगर इजराइल का साथ दिया तो तुमको भी बख्शा नहीं जाएगा .

किसी दबाव में आए बिना किसी भी तरह की बातचीत से मना कर दिया !घुटने नहीं टेके ! सीजफायर नहीं किया ! दूसरी तरफ हमारे विश्व गुरु हैं जो पाकिस्तान के खिलाफ अपने पडोसी तक का साथ न ले सके .

यारी निभाने में बहुत माहिर हैं . बड़े बड़े धुरंदर उनके तू तड़ाक के मित्र हैं. चाहे जिसके गले लगे घूमते हैं. दुनिया से दोस्ती के झूठे विज्ञापन और अपने देश में नफरत के Promoter बना हुआ है बाज़ीगर ,शायद कुछ सीख ले ईरानी बुज़ुर्ग सुप्रीम खामनेई से .

कैसा पाखण्ड है !! भगवन बचाये ऐसे बाज़ीगर से जो जनता को जोड़ने का तमाशा दिखाता हो. और देश को धर्मों , जातियों, वर्गों, समुदायों में बांटने की योजना बनाता हो , हम ऐसे जादूगर को देश का हितैषी या वफादार नहीं मानते !!

लेखिका कांग्रेस विचार विभाग की वरिष्ठ उपाध्यक्ष्य हैं

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण)
इस आलेख /वीडियो में व्यक्त किए गए विचार लेखक /वक्ता  के निजी विचार हैं। इस आलेख /वीडियो में दी गई किसी भी सूचना की सटीकता, संपूर्णता, व्यावहारिकता अथवा सच्चाई के प्रति टाइम्स ऑफ़ पीडिया उत्तरदायी नहीं है। इस आलेख /वीडियो में सभी सूचनाएं ज्यों की त्यों प्रस्तुत की गई हैं। इस आलेख/वीडियो में दी गई कोई भी सूचना , तथ्य अथवा व्यक्त किए गए विचार टाइम्स ऑफ़ पीडिया के नहीं हैं, तथा टाइम्स ऑफ़ पीडिया उनके लिए किसी भी प्रकार से उत्तरदायी नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.