
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और अमेरिका के डिफेंस सेक्रेटरी लॉएड ऑस्टीन ने पेंटाग में मुलाकात की, दोनों देशों के बीच डिफेंस पार्टनरशिप को विकसित करने को लेकर चर्चा हुई.
पेंटागन ने बताया कि, चर्चा के विषयों में क्षेत्र और दुनिया भर में चीन और रूस द्वारा पैदा की गई समस्याएं शामिल होंगी. इसके बाद वे “टू-प्लस-टू” वार्ता के लिए फॉरेन सेक्रेटरी एंटनी ब्लिंकन और विदेश मंत्री जयशंकर के साथ शामिल होने के लिए विदेश विभाग जाएंगे.
अमेरिका भारत के लिए हथियारों को किफायती बनाने के लिए तैयार है- अमेरिकी डिफेंस सेक्रेटरी.
विदेश मंत्री एक जयशंकर ने ट्वीट कर लिखा कि ‘एक उपयोगी और सारवान 2+2 मंत्रिस्तरीय बैठक का समापन किया. समकालीन चुनौतियों और मुद्दों पर खुले और रचनात्मक तरीके से चर्चा की. संकल्प लिया कि हमारी रणनीतिक साझेदारी बढ़ती रहेगी और विश्व मामलों की दिशा को आकार देने में बड़ी भूमिका निभाएगी.’
भारत और अमेरिका के बीच सोमवार को हुई दो मुलाकातों ने रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर दोनों देशों की स्थिति को लगभग साफ कर दिया. खासकर इस मुeलाकात में अमेरिका को भारत से जो उम्मीदें थीं, उसकी वो उम्मीदें पूरी नहीं हुईं. अमेरिका के किसी भी दबाव का भारत पर असर नहीं हुआ और इसकी साफ तस्वीर टू प्लस टू के बाद हुई प्रेस वार्ता में दिख गई. सभी ने एक साथ प्रेस को भी संबोधित किया.