UP के रामपुर में समाजवादी पार्टी नेता आज़म खान की जौहर यूनिवर्सिटी पर ED का छापा

Date:

रामपुर शहर विधायक आजम खां की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। हाई कोर्ट से जमानत मंजूर होने के बाद भी वह जेल से नहीं छूट सके हैं। ईडी ने भी उन पर शिकंजा कस दिया है। ईडी की टीम जांच पड़ताल के लिए जौहर यूनिवर्सिटी पहुंच गई है। ईडी के संयुक्त निदेशक अमित मिश्रा के नेतृत्व में टीम जौहर यूनिवर्सिटी में रिकॉर्ड खंगाल रही है।

तहसीलदार प्रमोद कुमार भी लेखपालों के साथ पहुंच गए हैं। इस मामले में भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने ढाई साल पहले शिकायत दर्ज कराई थी कि आजम खां ने विदेश से पैसा लिया है और उसे जौहर यूनिवर्सिटी में लगाया गया है। नियमों का उल्लंघन किया गया है। इसकी जांच कराई जाए। तब ईडी ने मनी लांड्रिंग में केस दर्ज कर लिया था। इसके साथ ही प्रशासन ने ईडी को जांच रिपोर्ट भेजी थी।

इसमें कहा था कि आजम खां ने किसानों, अनुसूचित जाति के लोगों और शत्रु संपत्ति की जमीन पर कब्जा कर यूनिवर्सिटी बनाई है। उनके खिलाफ जमीन कब्जाने के 30 मुकदमे दर्ज हुए हैं। तब यूनिवर्सिटी की टीम रामपुर आई थी और प्रशासन से पूरी रिपोर्ट भी ली थी। अब फिर यूनिवर्सिटी आई है, जहां वीडियोग्राफी के साथ ही यूनिवर्सिटी के रिकॉर्ड भी देख रही है।

तहसीलदार प्रमोद कुमार भी लेखपालों के साथ पहुंच गए हैं। इस मामले में भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने ढाई साल पहले शिकायत दर्ज कराई थी कि आजम खां ने विदेश से पैसा लिया है और उसे जौहर यूनिवर्सिटी में लगाया गया है। नियमों का उल्लंघन किया गया है। इसकी जांच कराई जाए। तब ईडी ने मनी लांड्रिंग में केस दर्ज कर लिया था। इसके साथ ही प्रशासन ने ईडी को जांच रिपोर्ट भेजी थी।

इसमें कहा था कि आजम खां ने किसानों, अनुसूचित जाति के लोगों और शत्रु संपत्ति की जमीन पर कब्जा कर यूनिवर्सिटी बनाई है। उनके खिलाफ जमीन कब्जाने के 30 मुकदमे दर्ज हुए हैं। तब यूनिवर्सिटी की टीम रामपुर आई थी और प्रशासन से पूरी रिपोर्ट भी ली थी। अब फिर यूनिवर्सिटी आई है, जहां वीडियोग्राफी के साथ ही यूनिवर्सिटी के रिकॉर्ड भी देख रही है।

मंगलवार को ही इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शत्रु संपत्ति हड़पने के मामले में आजम खान को अंतरिम जमानत दी थी. अदालत ने रामपुर के जिलाधिकारी को 30 जून, 2022 तक जौहर विश्वविद्यालय के परिसर में स्थित शत्रु संपत्ति का कब्जा लेने और एक चहारदीवारी खड़ी करने का निर्देश दिया.

न्यायमूर्ति राहुल चतुर्वेदी ने अपने निर्देश में कहा कि जमीन का कब्जा लेने की कवायद जिलाधिकारी रामपुर की संतुष्टि के मुताबिक पूरा होने पर आजम खान की अंतरिम जमानत, नियमित जमानत में तब्दील हो जाएगी।

उल्लेखनीय है कि 13.842 हेक्टेयर की विवादित जमीन इमामुद्दीन कुरैशी नाम के व्यक्ति की थी जो देश के बंटवारे के बाद पाकिस्तान चला गया और उसने भारत की नागरिकता छोड़कर पाकिस्तान की नागरिकता ले ली थी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related

हिन्दुराष्ट्र वाला हिंदुस्तान ऐसा होगा?

.......अब अगर इसको हिंदु राष्ट्र बनाये जाने की बात...

भारत बना दूसरा सबसे बड़ा तेल खरीदार

edited by maroof raza, senior journalist भारत रूस से तेल...

Religion, Wisdom, Demographics and the Misuse of Faith

“The wisdom that comes from God teaches love, justice,...

कमज़ोर होता लोकतांत्रिक दायरा और पीएम की उपलब्धियां

राम पुनियानी इस साल 10 जून को मोदी निरंतर भारत पर शासन...