उन्नाव, 15 सितंबर । उत्तर प्रदेश के जनपद उन्नाव में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत जिले के 70 चयनित गांवों में अब मूलभूत सुविधाओं को बेहतर करने के लिए विकास कार्य कराए जाएंगे। जिलाधिकारी घनश्याम मीना की अध्यक्षता में मंगलवार को विकास भवन सभागार में हुई समीक्षा बैठक में इन कार्यों को जिला स्तर से अनुमोदन दिया गया।
योजना के तहत चयनित 192 ग्रामों में से ग्राम स्तर पर चयन एवं अनुमोदन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 70 ग्रामों में विकास कार्यों की स्वीकृति दी गई है। इन गांवों में स्वच्छ पेयजल, ठोस एवं तरल अपशिष्ट निस्तारण, विद्यालय व आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालय, आंगनबाड़ी भवन, सोलर एवं स्ट्रीट लाइट सहित विभिन्न कार्य कराए जाएंगे।
इसके अलावा जल जीवन मिशन से संतृप्त न होने वाले गांवों में ओवरहेड टैंक, आरसीसी छोटी पुलिया, बोरवेल, नाली, सोकपिट, पाइपलाइन एक्सटेंशन, ट्रांसफार्मर और ग्राउंड लेवल रिजर्वायर समेत 20 लाख रुपये तक के विकास कार्य कराए जा सकेंगे। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना के निर्धारित मानकों के अनुसार गांवों में सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाएं प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने विकास कार्यों में गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता न करने और निर्धारित समयसीमा में कार्य पूरा कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि कार्यों की गुणवत्ता में लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही अवशेष ग्रामों का शीघ्र सर्वे कराकर आगणन तैयार करने के निर्देश जिला समाज कल्याण अधिकारी को दिए गए। बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी प्रकाश पांडेय, उपनिदेशक कृषि डीसी मनरेगा मुकेश कुमार, अधिशासी अभियंता प्रांतीय खंड समेत संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।