गुरुग्राम: नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल तीन दिन और बढ़ी

गुरुग्राम, 06 सितंबर । हरियाणा में नगर पालिका कर्मचारियों की राज्यव्यापी हड़ताल तेज हो गई है। संघ ने हड़ताल को तीन दिन और बढ़ाकर नौ सितंबर तक जारी रखने का फैसला लिया है। गुरुग्राम में पुराने नगर निगम कार्यालय पर 32वें दिन भी हड़ताल जारी रही। रविवार होने के कारण कर्मचारियों की धरने पर हाजिरी कम रही।

रविवार को हड़ताल की अध्यक्षता इकाई कोषाध्यक्ष भारत कांगड़ा और फायर के जिला प्रधान जोगिंदर ने की, संचालन सर्व कर्मचारी संघ के ब्लॉक सचिव महेश कुमार ने किया। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि नौ सितंबर तक आदेश जारी नहीं हुए तो हड़ताल को अनिश्चितकालीन कर दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। सीटू के जिला प्रधान सुरेश नोहरा, तेजपाल और कैलाश जॉन समेत अन्य नेताओं ने भी कर्मचारियों को संबोधित किया। नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के राज्य उप प्रधान बसंत कुमार ने कहा कि सरकार 13 मई को माने गए फैसलों के पत्र जारी नहीं कर रही है। जब तक पे-रोल के 1175 फायरमैन और पालिका रोल के 13000 कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने, ठेकेदारी प्रथा खत्म करने समेत अन्य मांगों के आदेश जारी नहीं होते, हड़ताल जारी रहेगी।

उन्होंने सरकार पर पुलिस दमन और गिरफ्तारियों का आरोप लगाया। वरिष्ठ उप प्रधान सम्मी बोहत और फायर के जिला सचिव सुनील कुमार ने कहा कि 11 साल में सरकार ने एक भी सीवर और सफाई कर्मचारी की पक्की भर्ती नहीं की। सफाई कार्य को ठेके पर देकर कम वेतन में ज्यादा काम कराया जा रहा है। जबकि 30 जून 2022 के पत्र के अनुसार अन्य विभागों के कर्मचारियों को एचकेआरएन में समायोजित किया जा चुका है, पालिका कर्मचारियों के साथ सौतेला व्यवहार हो रहा है। संघ ने बताया कि 13 मई के समझौते में 17 मांगों पर सहमति बनी थी, जिनमें 30 जून तक सभी कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना, सफाई-सीवर का ठेका खत्म करना और बैंक के माध्यम से न्यूनतम वेतन 15,200 देन, रिक्त पदों पर नियमित भर्ती, एक्स-ग्रेशिया, ग्रेच्युटी और पांच लाख सम्मान राशि, गुरुग्राम के 3480 सहित सभी छंटनीग्रस्त कर्मचारियों को वापस लेना, 5,000 रुपये जोखिम भत्ता और फायर कर्मचारियों को वर्दी भत्ता और शहीद कर्मचारियों के आश्रितों को 50 लाख सहायता और नौकरी देना शामिल है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.