गिलोय एक नायाब नुस्खा

खून की कमी दूर करें :
गिलोय शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है और शरीर में खून की कमी को दूर करता है. इसके लिए प्रतिदिन सुबह-शाम गिलोय का रस घी या शहद मिलाकर सेवन करने से शरीर में खून की कमी दूर होती है.
पीलिया में फायदेमंद :
गिलोय का सेवन पीलिया रोग में भी बहुत फायदेमंद होता है. इसके लिए गिलोय का एक चम्मच चूर्ण, काली मिर्च अथवा त्रिफला का एक चम्मच चूर्ण शहद में मिलाकर चाटने से पीलिया रोग में लाभ होता है. या गिलोय के पत्तों को पीसकर उसका रस निकाल लें. एक चम्मच रस को एक गिलास मट्ठे में मिलाकर सुबह-सुबह पीने से पीलिया ठीक हो जाता है.
जलन दूर करें : अगर आपके पैरों में जलन होती है और बहुत उपाय करने के बाद भी आपको कोई फायदा नहीं हो रहा है तो आप गिलोय का इस्तेमाल कर सकते हैं. इसके लिए गिलोय के रस को नीम के पत्ते एवं आंवला के साथ मिलाकर काढ़ा बना लें. प्रतिदिन 2 से 3 बार इस काढ़े का सेवन करें इससे हाथ पैरों और शरीर की जलन दूर हो जाती है.
कान दर्द में लाभकारी : गिलोय के पत्तों के रस को गुनगुना करके कान में डालने से कान का दर्द ठीक होता है. साथ ही गिलोय को पानी में घिसकर और गुनगुना करके दोनों कानों में दिन में 2 बार डालने से कान का मैल निकल जाता है.
उल्टी होने आरही हो तब  : गर्मियों में कई लोगों को उल्टी की समस्या होती हैं. ऐसे लोगों के लिए भी गिलोय बहुत फायदेमंद होता है. इसके लिए गिलोय के रस में मिश्री या शहद मिलाकर दिन में दो बार पीने से गर्मी के कारण से आ रही उल्टी रूक जाती है.
पेट के रोगों में लाभकारी : गिलोय के रस या गिलोय के रस में शहद मिलाकर सेवन करने से पेट से संबंधित सभी रोग ठीक हो जाते है. इसके साथ ही आप गिलोय और शतावरी को साथ पीस कर एक गिलास पानी में मिलाकर पकाएं. जब उबाल कर काढ़ा आधा रह जाये तो इस काढ़े को सुबह-शाम पीयें.
खुजली दूर भगाएं :खुजली अक्सर रक्त विकार के कारण होती है. गिलोय के रस पीने से रक्त विकार दूर होकर खुजली से छुटकारा मिलता है. इसके लिए गिलोय के पत्तों को हल्दी के साथ पीसकर खुजली वाले स्थान पर लगाइए या सुबह-शाम गिलोय का रस शहद के साथ मिलाकर पीएं.
आंखों के लिए फायदेमंद :गिलोय का रस आंवले के रस के साथ मिलाकर लेना आंखों के रोगों के लिए लाभकारी होता है. इसके सेवन से आंखों के रोगों तो दूर होते ही है, साथ ही आंखों की रोशनी भी बढ़ती हैं. इसके लिए गिलोय के रस में त्रिफला को मिलाकर काढ़ा बना लें. इस काढ़े में पीपल का चूर्ण और शहद मिलकर सुबह-शाम सेवन करें.
बुखार में फायदेमंद :गिलोय एक रसायन है जो रक्तशोधक, ओजवर्धक, हृदयरोग नाशक ,शोधनाशक और लीवर टोनिक भी है. गिलोय के रस में शहद मिलाकर लेने से बार-बार होने वाला बुखार ठीक हो जाता है. या गिलोय के रस में पीपल का चूर्ण और शहद को मिलाकर लेने से तेज बुखार तथा खांसी ठीक हो जाती है.

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