चारधाम यात्रा : सात दिन में दो लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने किए दर्शन, पंजीकरण का आंकड़ा 10 लाख के पार

चारधाम यात्रा में इस बार दर्शन करने वाले तीर्थयात्रियों का नया रिकॉर्ड बन सकता है। सात दिन के भीतर ही दो लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम में दर्शन किए हैं। जबकि यात्रा पर आने के लिए पंजीकरण का आंकड़ा 10 लाख पार हो गया है।

कोरोना महामारी के कारण दो साल बाद चारों धामों के कपाट खुलते ही चारधाम यात्रा पूरी क्षमता के साथ संचालित हो रही है। चारों धामों के दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं में जोश और उत्साह है। पहले दिन से ही केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम में दर्शन करने के लिए भक्तों की दोगुनी भीड़ उमड़ी है।तीन मई को गंगोत्री व यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने के साथ ही यात्रा शुरू हुई। 6 मई को केदारनाथ और 8 मई को बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने के साथ ही चारधाम यात्रा का आगाज हुआ। यात्रा शुरू होते ही धामों में दर्शन के लिए भक्तों की लंबी लाइन लग रही है।

उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद के मुताबिक चारधाम यात्रा में दो लाख से अधिक तीर्थयात्री दर्शन कर चुके हैं। इसमें सबसे अधिक 77,656 तीर्थयात्रियों ने केदारनाथ धाम के दर्शन किए। जबकि गंगोत्री धाम में 49215, यमुनोत्री धाम में 46405 और बदरीनाथ धाम में 30773 तीर्थयात्री दर्शन कर चुके हैं।

चारधाम यात्रा पर आने के लिए 10 लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने पंजीकरण कराया है। उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद की ओर से चारधाम यात्रा पर आने वाले तीर्थ यात्रियों की सुविधा के लिए कॉल सेंटर बनाया गया है। जहां पर टोल फ्री नंबर 1364 (अन्य राज्यों से 01351364) के माध्यम से यात्रियों को चार धाम यात्रा व पंजीकरण की पूर्ण जानकारी दी जा रही है।यात्रा में आने वाले यात्रियों ने ऑनलाइन और ऑफलाइन पंजीकरण की व्यवस्था की गई है।

पंजीकरण करने वाले तीर्थयात्रियों का डाटा संबंधित जिलों के डीएम व एसएसपी के साथ साझा किया जा रहा है। इससे स्थानीय प्रशासन को इस बात की जानकारी रहेगी कि किस दिन कितने तीर्थयात्री वहां पहुंच रहे हैं। इससे उन्हें स्थानीय स्तर पर व्यवस्था बनाने में मदद मिलेगी और तीर्थयात्री भी बिना किसी परेशानी के मंदिरों में दर्शन कर सकेंगे।

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