
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण-यूआईडीएआई ने कहा है कि आधार कार्ड नहीं होने पर किसी भी व्यक्ति को टीकाकरण, दवाई, अस्पताल में भर्ती करने या उसका इलाज करने से मना नहीं किया जा सकता। यूआईडीएआई ने एक बयान में कहा है कि इस संबंध में मीडिया में कुछ समाचार आए हैं कि आधार के बिना टीकाकरण या अस्पताल में भर्ती करने जैसी जरूरी सेवाओं से इनकार किया जा रहा है। प्राधिकरण ने कहा है कि कोविड महामारी की परिस्थितियों में किसी को भी सेवा या कोई भी लाभ देने से इसलिए इनकार नहीं किया जाना चाहिए कि उसके पास आधार कार्ड नहीं है। आवश्यक सेवाएं देने में इनकार करने के लिए आधार कार्ड का दुरुपयोग नहीं किया जाना चाहिए।
यूआईडीएआई ने कहा है कि आधार कार्ड से छूट लेने की एक निश्चित प्रणाली है। आधार अधिनियम के मुताबिक अगर किसी कारण से व्यक्ति के पास आधार कार्ड नहीं है तो भी उसे आवश्यक सेवाओं से मना नहीं किया जा सकता है।