प्रेस विज्ञप्ति
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर महिला सुरक्षा को लेकर आप महिला प्रकोष्ठ का पैदल मार्च, सरकार के खिलाफ बुलंद हुई आवाज
भाजपा सरकार के ‘जीरो टॉलरेंस’ के दावे पूरी तरह खोखले साबित हो चुके हैं: नीलम यादव (महिला प्रकोष्ठ प्रदेश अध्यक्षा, आप यूपी)
प्रदेश में बेटियां न घर में सुरक्षित हैं, न बाहर, अपराधियों में कानून का डर खत्म हो चुका है: नीलम यादव
बुलंदशहर, श्रावस्ती, लखनऊ, मेरठ और बाराबंकी की घटनाएं योगी सरकार के महिला सुरक्षा मॉडल की सच्चाई उजागर करती हैं: नीलम यादव
लखनऊ, 8 मार्च 2026: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आम आदमी पार्टी उत्तर प्रदेश के महिला प्रकोष्ठ द्वारा प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों के विरोध में रविवार को लखनऊ में मुँह पर काली पट्टी बांधकर पैदल मार्च आयोजित किया गया। महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्षा नीलम यादव के नेतृत्व में निकाले गए इस मार्च के माध्यम से प्रदेश सरकार की महिला सुरक्षा को लेकर नाकामी के खिलाफ जोरदार आवाज उठाई गई और महिलाओं की सुरक्षा, त्वरित न्याय तथा अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई।
यह मार्च आम आदमी पार्टी के पार्टी कार्यालय से शुरू होकर मिठाई लाल चौराहा, गोमती नगर तक निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ताओं और पार्टी पदाधिकारियों ने भाग लिया।
इस अवसर पर महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्ष नीलम यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार के दावे पूरी तरह खोखले साबित हो चुके हैं। भाजपा सरकार का ‘जीरो टॉलरेंस’ का नारा केवल कागजी घोषणाओं तक सीमित रह गया है।
प्रदेश में अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि उन्हें कानून और पुलिस का जरा भी डर नहीं रह गया है। यही वजह है कि आए दिन बेटियों और महिलाओं के साथ छेड़छाड़, दुष्कर्म, अपहरण और हत्या की भयावह घटनाएं सामने आ रही हैं।
नीलम यादव ने कहा कि बुलंदशहर में शाम के समय मेले से एक किशोरी का अपहरण कर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया जाता है, श्रावस्ती में किसान नेत्री की नृशंस हत्या कर दी जाती है, लखनऊ के आलमबाग मेट्रो स्टेशन पर बहनों के साथ खुलेआम छेड़छाड़ की जाती है और विरोध करने पर उन्हें चाकू लेकर दौड़ाया जाता है।
मेरठ के भावनपुर में सरेआम छेड़छाड़ और परिवार को धमकियों के कारण एक छात्रा को अपना स्कूल तक छोड़ना पड़ जाता है, वहीं बाराबंकी में एक महिला नेता की हत्या प्रदेश की कानून व्यवस्था की भयावह स्थिति को उजागर करती है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ का नारा जरूर देती है, लेकिन हकीकत यह है कि इस सरकार में बेटियां न तो अपने घर में सुरक्षित हैं और न ही घर से बाहर निकलने पर। अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो चुके हैं कि वे हत्या कर शव को टुकड़ों में काटकर जला देने जैसी जघन्य वारदातों को अंजाम दे रहे हैं और सरकार केवल रामराज्य के दावे करती फिर रही है।
नीलम यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नाक के नीचे राजधानी लखनऊ में महिलाओं के साथ इस तरह की घटनाएं हो रही हैं, जिससे साफ जाहिर होता है कि प्रदेश की कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। जब जनप्रतिनिधि और महिला नेता तक सुरक्षित नहीं हैं, तो आम महिलाओं की सुरक्षा की स्थिति का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। उन्होंने सवाल किया कि क्या यही भाजपा का तथाकथित “महिला सुरक्षा मॉडल” है?
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को विज्ञापनों और बड़े-बड़े दावों से बाहर निकलकर प्रदेश की बेटियों और महिलाओं की वास्तविक सुरक्षा सुनिश्चित करने पर ध्यान देना चाहिए। सरकार को चाहिए कि महिलाओं के खिलाफ अपराध करने वालों के खिलाफ त्वरित और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करे, ताकि प्रदेश की बेटियां बिना भय के घर से बाहर निकल सकें।
इस मौके पर महिला प्रदेश महासचिव रेखा जायसवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष पुष्पा, प्रदेश उपाध्यक्ष निशा, प्रदेश सचिव सरिता द्विवेदी, प्रदेश सचिव सुभाषिनी मिश्रा, प्रदेश सचिव जसमित कौर, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य गुड़िया राइन, प्रदेश सचिव आज़मा परवीन, प्रदेश सचिव राजकुमारी यादव,, मिथिलेश, शशि नीतू मंजू अफसाना रीता भारती प्रेरणा सुरभि नीतू कनौजिया, चांदनी, मीरा, पूजा वर्मा, नसरीन,रेनू, रिंकू, सूर्य नंदनी आदि मौजूद रहीं।
द्वारा आम आदमी पार्टी उत्तर प्रदेश


