[t4b-ticker]
[]
Home » News » National News » रेल की पटरी पर गिरी मासूम बच्ची ,जान बचाने कूद पड़ा मुहम्मद महबूब , यात्री सकते में
रेल की पटरी पर गिरी मासूम बच्ची ,जान बचाने कूद पड़ा मुहम्मद महबूब , यात्री सकते में

रेल की पटरी पर गिरी मासूम बच्ची ,जान बचाने कूद पड़ा मुहम्मद महबूब , यात्री सकते में

कौन है मुहम्मद मेहबूब ? जो एक बच्ची की जान को बचाने रेल की पटरी पर चलती माल गाड़ी के आगे कूद गया

ख़बर के नीचे Video ज़रूर देखें …….

अब इस पूरे मामले में एक ख़ास बात यह है की बच्ची हिन्दू थी , और मुहम्मद मेहबूब मुसलमान थे , इधर मेहबूब एक हिन्दू बच्ची की जान बचाने केलिए अपनी जान को मौत के मुंह में डाल रहे थे और दूसरी तरफ बुर्क़े में मलबूस एक मुसलमान बच्ची की जान लेने या उसको रुस्वा करने के लिए घेरने भगवाधारी एक कॉलेज में घुस आये थे . यह फ़र्क़ तो समझना ही होगा , हालाँकि कई हिन्दू भी मुस्लिम बच्चियों को बचाने का काम कर चुके हैं , जिसकी खबर नहीं बनाई जाती . मानवता और प्यार बाक़ी है मगर उसका प्रोपेगंडा नहीं होता , जबकि हर नफ़रत की ख़बर का ढिंढोरा बहुत पिटता है.

भोपाल:भोपाल के मोहम्मद महबूब जो पेशे से एक बढ़ई हैं ,लेकिन काम अपनी असल ज़िंदगी में एक फ़िल्मी हीरो के जैसा कर गए . दिनभर काम करने के बाद अपने कारखाने से शाम को घर लौट रहे थे मेहबूब , उनके बच्चे उनके इंतज़ार में थे , लेकिन उन्हें नहीं मालूम था कि बीच रास्ते में ही उनके ईमान और इंसानियत का इम्तहान होगा . महबूब ने फिर इम्तिहान में ऐसा नमूना पेश किया कि सोशल मीडिया पर आज मेहबूब की चर्चा और तारीफ हो रही थी , और हर एक मेहबूब की बहादुरी और मानवता देखकर कह रहा था , मेरे मेहबूब तुझे सलाम .

रेल की पटरी के नीचे लेटे मुहम्मद मेहबूब और ३ साल की बच्ची

दरअसल हुआ यूँ , 5 फरवरी की शाम को, जब महबूब मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के बरखेड़ी इलाके में अपने कारखाने से घर की तरफ लौट रहे थे , तभी उसने और कुछ अन्य पैदल चलने वालों ने देखा कि एक मालगाड़ी आ रही है. इसके बाद सभी वहीं रुक गए ताकि मालगाड़ी पास हो जाय.

इसी बीच, 37 वर्षीय महबूब तीन साल की एक बच्ची को देखकर दंग रह गया क्योंकि रेलवे ट्रैक के किनारे पर अपने माता-पिता के साथ खड़ी बच्ची अचानक रेल की पटरी पर गिर गई. इसके बाद जो कुछ हुआ वह और भी डरावना था क्योंकि मालगाड़ी बच्ची की तरफ तेजी से आ रही थी.

इसे दखकर वहां खड़े सभी लोग खौफ से काँप रहे थे क्योंकि एक बच्ची पल भर बाद माल गाड़ी के नीचे कुचलने ही वाली थी , कौन था जो खुद को इस बची की जान बचाने के लिए खुद की जान को मौत के मुंह में देदे . लेकिन बहादुर मोहम्मद महबूब अपनी जान की परवाह किए बिना, रेल की पटरियों के बीच से उठने की कोशिश कर रही बच्ची की तरफ दौड़ पड़ा, फिर उसने लड़की की ओर बढ़कर रेल पटरियों पर ही गोता लगा लिया, यह जानते हुए कि उसे बचाने के लिए उसके पास अब समय नहीं है. तभी मालगाड़ी नजदीक आ गई और महबूब ने बच्ची को पकड़कर रेल पटरियों के बीच खींच लिया.

लड़की की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सतर्क महबूब ने अपना सिर नीचे कर लिया, ताकि ट्रेन से टक्कर न हो. और मुहम्मद मेहबूब ने बच्ची का भी सिर पकड़कर नीचे कर लिया.और इस मासूम बची के ऊपर फरिश्ता बनकर साया फगन होगया .

इस दौरान ट्रैक के किनारे खड़े लोग मुहम्मद की अविश्वसनीय बहादुरी का यह नज़ारा देखकर काँप रहे थे , माल गाडी अपने सैकड़ों डब्बों के साथ मेहबूब और इस बच्ची के ऊपर से गुज़रती जा रही थी , और सभी दर्शकों बस इंतज़ार था इस बात का की इन दोनों का रेल की पटरी पर क्या हश्र हुआ . इसी बीच कुछ लोग इस पूरे मंज़र का वीडियो भी बना रहे थे जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. वीडियो में साफ दिख रहा है कि महबूब बच्चे को पकड़े हुए है और ऊपर से ट्रेन गुजर रही है.

मुहम्मद मेहबूब ने अपनी जान को मौत के मुंह में झोंकते हुए इस बच्ची के मज़हब या जाती का पता नहीं किया था बस वो तो इंसानियत और बहादुरी के ज़ोम में कूद गया था अपने बच्चों की परवाह किये बग़ैर …

video………..

 

Please follow and like us:
READ ALSO  एनटीए ने यूजीसी-नेट, सीएसआईआरयूयूजीसी-नेट और एनईईटी परीक्षा के लिए नई तारीखों की घोषणा की

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

twenty + 15 =

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

Scroll To Top
error

Enjoy our portal? Please spread the word :)