नूंह, 16 सितंबर । मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज नूंह की दुर्दशा काे लेकर बुधवार को नूंह विधायक आफ़ताब अहमद ने कहा कि इंजीनियरिंग कॉलेज की दुर्दशा की ख़बर पीड़ादायक है, मेडिकल कॉलेज के बाद अब हरियाणा वक़्फ़ बोर्ड का देश का एक मात्र कॉलेज अपनी बदहाली पर आँसू बहा रहा है।
पत्रकाराें से बातचीत करते हुए विधायक ने कहा कि वाईएमडी कॉलेज नूंह भी बदहाल है क्योंकि इस कॉलेज में बुनियादी सुविधाएं तो दूर बल्कि मात्र एक या दो शिक्षक ही नियमित हैं, सालों से रिक्त पड़े पदों पर भर्ती नहीं कराई जा रही है। आज वाईएमडी की तर्ज पर ही मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज नूंह को बर्बाद किया जा रहा है। विधायक आफ़ताब अहमद ने कहा कि हरियाणा वक़्फ़ बोर्ड के प्रशासक ज़ाकिर हुसैन जान बूझकर साज़िश के तहत मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज को बंद करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वक़्फ़ बोर्ड के प्रशासक ख़ुद मलाई खा रहे हैं और शिक्षकों और छात्रों को उनके बुनियादी अधिकार भी नहीं दे रहे हैं।
उन्होंने कहा कि चार महीने से ज़्यादा समय से शिक्षकों को वेतन नहीं दिया जाना घोर अन्याय है, गेस्ट टीचर्स को निकालना शर्मनाक है और छात्रों को बुनियादी सुविधाएं मुहैया नहीं कराय जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। विधायक आफ़ताब अहमद ने कहा कि हम इस कॉलेज को बर्बाद नहीं होने देंगे फिर चाहे इसके लिए हमें कोई भी संघर्ष करना पड़े, अगर ज़रूरत पड़ी तो धरना प्रदर्शन भी किया जाएगा। विधायक आफ़ताब अहमद ने कहा कि कांग्रेस सरकार में इस कॉलेज की शुरुवात की गई थी ताकि मेवात के युवाओं को तकनीकी शिक्षा दी जा सके लेकिन बीते कई सालों से इस कॉलेज को बंद करने की साज़िश की जा रही है । उन्होंने मामले को कई बार विधानसभा में उठाया और पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष भी रखा था । अब भी वो गृह विभाग के सचिव से बात करेंगे और जरूरत पड़ने पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से भी बात की जाएगी। विधायक आफ़ताब अहमद ने कहा कि छात्रों को पढ़ाने के लिए पूरे शिक्षक और बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएँगे।

