हल्द्वानी, 09 अगस्त । राज्य स्तरीय राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य एवं अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष सुरेश भट्ट ने हल्द्वानी में कांग्रेस नेताओं के एसएसपी कार्यालय में प्रवेश कर अभद्रता किए जाने की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में इस तरह के अमर्यादित व्यवहार के लिए कोई स्थान नहीं है। संवैधानिक और सरकारी संस्थाओं की गरिमा बनाए रखना सभी राजनीतिक दलों और जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी है।
सुरेश भट्ट ने कहा कि कांग्रेस नेताओं का एसएसपी कार्यालय पहुंचकर सरकारी अधिकारी के साथ कथित रूप से अपमानजनक व्यवहार करना निंदनीय है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व की ओर से लगातार सरकारी संस्थाओं को बदनाम करने का प्रयास किया जा रहा है और उसका असर अब प्रदेश में भी कांग्रेस नेताओं के व्यवहार में दिखाई दे रहा है।
उन्होंने कहा कि हल्द्वानी में आयोजित कांग्रेस की रैली में अपेक्षित भीड़ नहीं जुट पाने की खिसियाहट कांग्रेस नेताओं के व्यवहार में नजर आई। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी हताशा में कांग्रेस नेताओं ने एसएसपी कार्यालय पहुंचकर मर्यादाओं को ताक पर रख दिया।
सुरेश भट्ट ने कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन किसी सरकारी कार्यालय में जाकर अधिकारी के साथ अमर्यादित व्यवहार करना लोकतांत्रिक व्यवस्था के अनुरूप नहीं है। लोकतंत्र में सरकार की नीतियों का विरोध करने और अपनी बात रखने का अधिकार सभी को है, लेकिन इसके लिए संवैधानिक मर्यादाओं और सरकारी संस्थाओं की प्रतिष्ठा का सम्मान करना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि सरकारी संस्थाएं लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार हैं और उनके प्रति किसी भी प्रकार का अनुचित व्यवहार स्वीकार्य नहीं होना चाहिए। कांग्रेस नेताओं के कथित आचरण की जितनी निंदा की जाए, कम है।

