इमरान खान को लेकर पाकिस्तान में बढ़ी बेचैनी, PTI ने दी देशव्यापी आंदोलन की चेतावनी; जेल में बंद पूर्व PM की सेहत पर भी सवाल
तीन साल से जेल में बंद इमरान खान की मुलाकात पर रोक को लेकर PTI और सरकार आमने-सामने, इलाज को लेकर भी गंभीर विवाद
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ़ (PTI) के संस्थापक इमरान खान को लेकर पाकिस्तान की सियासत एक बार फिर बेहद तनावपूर्ण दौर में पहुंच गई है। 73 वर्षीय इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में बंद हैं और 5 अगस्त 2026 को उनकी गिरफ्तारी को तीन साल पूरे हो गए। इस मौके पर PTI ने देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन कर उनकी तत्काल रिहाई की मांग की थी।
लेकिन अब मामला सिर्फ उनकी रिहाई तक सीमित नहीं है। इमरान खान से मुलाकात, उनकी मेडिकल स्थिति और जेल में उनकी मौजूदा हालत पाकिस्तान की राजनीति का सबसे बड़ा मुद्दा बनती जा रही है।
इमरान खान को लेकर ‘जिंदा हैं या नहीं’ की अफ़वाह क्यों?
12 अगस्त को इमरान खान को लेकर सोशल मीडिया और पाकिस्तानी मीडिया में एक बेहद गंभीर दावा सामने आया। पाकिस्तानी पत्रकार वजाहत सईद खान ने दावा किया कि उन्हें पाकिस्तान के जनरल हेडक्वार्टर से जुड़े तीन वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से ऐसी चिंताएं सुनने को मिलीं कि इमरान खान शायद “अब हमारे बीच नहीं हैं।” हालांकि इस दावे की पुष्टि करने से इंकार किया गया है.
बाद में खुद पत्रकार ने स्पष्ट किया कि उनके सूत्रों ने इमरान खान की मौत की कोई ठोस पुष्टि नहीं की थी, बल्कि जेल में उनकी हालत और उन्हें सार्वजनिक रूप से सामने नहीं लाए जाने को लेकर चिंता जताई थी। पाकिस्तान की सेना के मीडिया विंग ISPR ने इस रिपोर्ट को खारिज करते हुए इसे गलत बताया है।
इसलिए फिलहाल इमरान खान की मौत की खबर को तथ्य के तौर पर पेश करना सही नहीं होगा। उपलब्ध ताज़ा रिपोर्टों में उनकी मौत की कोई स्वतंत्र और विश्वसनीय पुष्टि नहीं हुई है।
यही वजह है कि पाकिस्तान में अब एक बड़ा सवाल उठ रहा है—अगर इमरान खान स्वस्थ और सुरक्षित हैं, तो उन्हें परिवार, वकीलों और पार्टी नेताओं से नियमित मुलाकात की अनुमति क्यों नहीं दी जा रही?
PTI की चेतावनी—मुलाकात नहीं हुई तो देशव्यापी आंदोलन
इमरान खान की जेल में मुलाकात को लेकर PTI ने सरकार पर दबाव बढ़ा दिया है। खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री और PTI नेता सोहेल अफरीदी ने चेतावनी दी है कि अगर पार्टी नेताओं को इस सप्ताह इमरान खान से मुलाकात की इजाज़त नहीं दी गई, तो PTI देशव्यापी आंदोलन शुरू कर सकती है।
PTI का कहना है कि उसके सांसद और वरिष्ठ नेता अडियाला जेल जाकर इमरान खान से मुलाकात करना चाहते हैं। पार्टी ने यह भी कहा है कि अगर मुलाकात रोकी गई तो पाकिस्तान के अलग-अलग हिस्सों में विरोध प्रदर्शन तेज किए जाएंगे।
यह चेतावनी ऐसे समय आई है जब PTI पहले ही इमरान खान की रिहाई के लिए आंदोलन का ऐलान कर चुकी है।
तीन साल से जेल में हैं इमरान खान
इमरान खान को अगस्त 2023 में गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद उनके खिलाफ भ्रष्टाचार, सरकारी गोपनीय दस्तावेज और दूसरे मामलों में कई मुकदमे चले। वर्तमान में वह भ्रष्टाचार के एक मामले में 14 साल की सज़ा काट रहे हैं।
उनकी पत्नी बुशरा बीबी को इसी मामले में सात साल की सज़ा सुनाई गई थी। इसके अलावा दोनों को एक दूसरे मामले में 17 साल की सज़ा भी सुनाई जा चुकी है। इमरान खान लगातार इन मामलों को राजनीतिक रूप से प्रेरित बताते रहे हैं।
PTI का कहना है कि इन कानूनी मामलों का असली मकसद इमरान खान को राजनीतिक मैदान से बाहर रखना है, जबकि पाकिस्तान सरकार और सैन्य प्रतिष्ठान इन आरोपों से इनकार करते रहे हैं।
परिवार से मुलाकात भी बनी बड़ा मुद्दा
इमरान खान के जेल में रहने के दौरान उनके परिवार और पार्टी नेताओं की मुलाकातें लगातार विवाद का विषय रही हैं। PTI और उनके परिवार का आरोप है कि उन्हें लंबे समय से नियमित मुलाकात की अनुमति नहीं दी जा रही। अगस्त के शुरुआती दिनों में इमरान खान की बहनें और PTI के वकील अडियाला जेल पहुंचे थे, लेकिन उन्हें मिलने की अनुमति नहीं दी गई।
PTI का कहना है कि यह स्थिति न सिर्फ राजनीतिक अधिकारों बल्कि एक कैदी के बुनियादी कानूनी और मानवीय अधिकारों से भी जुड़ी हुई है। दूसरी ओर, सरकार का कहना है कि इमरान खान को जेल में सामान्य कैदियों से अलग सुविधाएं उपलब्ध हैं और उनकी स्वास्थ्य निगरानी भी की जा रही है। पाकिस्तान के गृह मंत्रालय से जुड़े मंत्री तलाल चौधरी ने अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की आलोचनाओं को खारिज करते हुए कहा है कि जेल में खान की स्थिति न्यायिक निगरानी के अधीन है।
Amnesty International ने भी जताई चिंता
इमरान खान की जेल स्थिति को लेकर अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन Amnesty International ने भी चिंता जताई है। संगठन के मुताबिक इमरान खान को लंबे समय तक एकांत में रखने, परिवार से मुलाकात और वकीलों तक पहुंच सीमित करने तथा मेडिकल सुविधाओं को लेकर गंभीर सवाल हैं।
Amnesty ने पाकिस्तानी अधिकारियों से उनके परिवार और वकीलों तक पहुंच बहाल करने तथा पर्याप्त चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है। संयुक्त राष्ट्र से जुड़े कुछ तंत्र भी पहले इमरान खान की हिरासत और जेल की परिस्थितियों पर सवाल उठा चुके हैं।
PTI के सामने भी बड़ी चुनौती
इमरान खान की लोकप्रियता के बावजूद PTI के सामने कई मुश्किलें हैं। पार्टी के बड़े नेताओं और कार्यकर्ताओं पर कानूनी कार्रवाई, गिरफ्तारियां और विरोध प्रदर्शनों पर प्रतिबंध जैसे मुद्दे लगातार सामने आते रहे हैं।
अगस्त 2026 में इमरान खान की जेल के तीन साल पूरे होने पर PTI ने देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन किए। पार्टी ने इसे लोकतंत्र, संविधान और जनता के अधिकारों की लड़ाई बताया। लेकिन अब PTI के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि वह जेल में बंद अपने संस्थापक के नाम पर आंदोलन को कितनी दूर तक ले जा सकती है।
पाकिस्तान की सियासत किस तरफ जाएगी?
इमरान खान की स्थिति अब पाकिस्तान के लिए सिर्फ एक व्यक्ति या एक राजनीतिक पार्टी का मुद्दा नहीं रह गई है। यह न्यायपालिका, सेना, सरकार, विपक्ष और जनता के बीच सत्ता-संतुलन का बड़ा सवाल बन चुकी है।
एक तरफ सरकार कहती है कि इमरान खान कानून के मुताबिक जेल में हैं। दूसरी तरफ PTI आरोप लगाती है कि कानून का इस्तेमाल राजनीतिक विरोध को दबाने के लिए किया जा रहा है। इस बीच इमरान खान की सेहत और उनसे मुलाकात पर प्रतिबंध ने विवाद को और गंभीर बना दिया है।
और अब सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इमरान खान की मौत को लेकर चल रही ताज़ा अफ़वाहों की अभी कोई विश्वसनीय पुष्टि नहीं हुई है। पाकिस्तान की सेना ने ऐसे दावों को खारिज किया है, जबकि PTI और उनके परिवार की ओर से लगातार उनकी सेहत और जेल में उनकी पहुंच को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।
इमरान खान की कहानी फिलहाल पाकिस्तान की जेल की चारदीवारी से कहीं आगे निकल चुकी है। तीन साल की कैद, लंबी कानूनी लड़ाई, स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं और PTI का लगातार आंदोलन—इन सबने पाकिस्तान की राजनीति को एक ऐसे मोड़ पर ला दिया है जहां एक जेल में बंद नेता की स्थिति पूरे देश की राजनीतिक स्थिरता को प्रभावित कर रही है।
अब निगाहें इस बात पर हैं कि क्या PTI नेताओं और परिवार को इमरान खान से मुलाकात की अनुमति मिलती है और क्या सरकार तथा PTI के बीच टकराव बातचीत की ओर जाता है या फिर एक नए देशव्यापी आंदोलन का रास्ता खुलता है।

