[t4b-ticker]
Home » Events » ईवीएम हटाओ- देश बचाओ
ईवीएम हटाओ- देश बचाओ

ईवीएम हटाओ- देश बचाओ

Spread the love

ईवीएम हटाओ- देश बचाओ

14 जुलाई 2019 को कॉन्स्टिट्यूशन क्लब, नई दिल्ली में ईवीएम के प्रयोग के खिलाफ “ईवीएम- बैक टू बैलट” के नाम से राष्ट्रीय परामर्श बैठक आयोजित की गई। बैठक में 16 राज्यों के सामाजिक आंदोलनों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। बैठक में किसानों, ट्रेड यूनियनों, महिलाओं, छात्र और युवा संगठनों के प्रतिनिधि शामिल रहे ।

राष्ट्रीय परामर्श का आयोजन और अध्यक्षता राष्ट्रीय संयोजकों ने की जिसमें रवि भिलाने, फिरोज मिथिबोरवाला, डॉ। सुनीलम, शबनम हाशमी, ज्योति बाडेकर और धनंजय शिंदे शामिल थे।

बैठक में ईवीएम-वीवीपीएटी के माध्यम से देश के साथ हुई धोखाधड़ी ने पूरी चुनाव प्रक्रिया और चुनाव आयोग की भूमिका को स्पष्ट रूप से संदेहास्पद बना दिया है और देश मे ऐसी स्थिति पैदा हो गयी है जो देश में लोकतंत्र, हमारे संविधान और हमारे संवैधानिक संस्थानों के लिए गंभीर खतरा है।

ईवीएम-वीवीपीएटी की तकनीक पर हुए सत्र में, तकनीकी विशेषज्ञों ने स्पष्ट रूप से कहा कि ईवीएम-वीवीपीएटी को टेम्पर किया जा सकता है और स्पष्ट रूप से दोबारा-प्रोग्राम योग्य हैं। सभी विशेषज्ञों ने सम्मिलित रूप से इस बात की पुष्टि की कि चुनाव परिणामों को स्पष्ट रूप से जोड़-तोड़ और चोरी किया गया था।

विशेषज्ञों में डॉ राहुल चिमनभाई मेहता और डॉ रमेश बेलाकोंडा और धनंजय शिंदे शामिल थे। खोजी पत्रकार रवि नायर और सलाहकार प्रसन्ना ने वोटों की गिनती पर गंभीर संदेह और सवालों की ओर इशारा किया।

एक्शन प्रोग्राम और आंदोलन के स्वरूप पर सत्र में तय हुआ कि 9 अगस्त जिस दिन महात्मा गांधी ने अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन का आव्हान किया था उसी दिन विशाल मार्च के आयोजनो से देश भर में विरोध दर्ज कराया जाएगा ।

 

इसके लिए सभी सामाजिक संगठनों और लोगो से ईवीएम -भारत छोड़ो, ईवीएम हटाओ- देश बचाओ- बैलट पेपर लाओ के नारों के साथ जनता से समर्थन की अपील करे।

राष्ट्रीय स्तर पर 9 अगस्त के पहले जिला स्तर पर धरना देकर चुनाव आयोग को ई वी एम की जगह मत पत्र से मतदान कराने सम्बन्धी ज्ञापन सौपे जाने का निर्णय किया गया।विरोध दिवस आयोजित करने और प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने पर भी सहमति हुई सभी प्रतिभागियों द्वारा सर्वसम्मति से कार्यक्रम का समर्थन किया।


आंदोलन को आगे ले जाने के लिए, सदन ने संकल्प लिया कि एक राष्ट्रव्यापी संगठनात्मक संरचना बनाई जाए। इस बात पर सहमति बनी कि एक राष्ट्रीय कार्य समिति, राज्य और शहर समितियों का गठन किया जाए और सभी स्तरों पर बनी समितियों में सहयोगी संस्थाओं के एक सदस्य को जोडा जाएगा। इसी तरह जिले राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर समितियों का गठन किया जाए।

इस ज्वलंत मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए  विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं को भी आमंत्रित किया गया था, जिस पर संजय सिंह (आप) , राजेंद्र गौतम (आप) , नाना पटोले ( काँग्रेस ) , दानिश अली (बी एस पी ), जावेद अली (समाजवादी पार्टी ), नीलोत्पल बसु (भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी ), सेवानिवृत्त। जस्टिस कोलसे पाटिल (जेडीएस) और डी राजा (सीपीआई), ने अपने विचार व्यक्त किए और ईवीएम के खिलाफ राष्ट्रव्यापी जन आंदोलन को सहयोग और समर्थन देने की अपील की ।

सदन ने देश के लोकतंत्र को बचाने के लिए, ईवीएम के उपयोग को समाप्त करने और बैलट पेपर पर वापसी के लिए सर्वसम्मती से एक प्रस्ताव पारित किया।चुनाव आयोग द्वारा भाजपा के हितसंरक्षण हेतु कार्य किये जाने की निंदा की गई।

रवि भिलानी (9092069941)
फ़िरोज़ मिठीबोरवाला(9029277751)
डॉ सुनीलम (9425109770)
शबनम हाशमी (9811807558)
ज्योति बड़ेकर(9588685638) &
धनन्जय शिंदे (9867693588)
(राष्ट्रीय कार्य समिति की ओर से )

Please follow and like us:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

Scroll To Top
error

Enjoy our portal? Please spread the word :)